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Friday, 2 April 2021

Failure of the government of Uttar Pradesh headed by Yogi Aditynath to take action against the corruption of L.D.A.

 












Grievance Status for registration number : GOVUP/E/2021/18334

Grievance Concerns To
Name Of Complainant
Yogi M. P. Singh
Date of Receipt
02/04/2021
Received By Ministry/Department
Uttar Pradesh
Grievance Description
Grievance Status for registration number : GOVUP/E/2021/07743
Grievance Concerns To Name Of Complainant Yogi M. P. Singh
Date of Receipt 13/02/2021 Received By Ministry/Department Uttar Pradesh
Grievance Description The matter concerns the failure of the government of Uttar Pradesh headed by Yogi Aditynath to take action against the corruption prevailing in the public offices in the government of Uttar Pradesh including chief minister office.
Demand -Action against Joint Secretary Arun Kumar Dube.
As well as demand of action against special working officer Rajeev Kumar for procrastinating on the matter concerned with deep rooted corruption as shielding the wrongdoer staffs of Lucknow Development Authority because protecting the corruption of the department..
The matter concerns the deep rooted corruption but the concerned government functionaries close the grievances by submitting arbitrary reports.
सचिव लखनऊ विकास प्राधिकरण ने अपने पत्र दिनांक २५/०३/२०२१ द्वारा जो की संयुक्त सचिव अरुण कुमार दुबे को सम्बोधित है पुनः वांछित अभिलेख की बात कर रहे है क्योकि विवाद से सम्बंधित कोई भी दस्तावेज न तो लखनऊ विकास प्राधिकरण के कार्यालय में है और न हीं पांचो भू खंड स्वामियों के पास है क्यों की वे अपने भूखंड का विक्रय के उपरांत समस्त मूल दस्तावेज दिनेश प्रताप सिंह को सौप दिए है
उपरोक्त द्वारा प्रार्थी से समस्त साक्ष्य और हलफनामा के साथ उपस्थित होने के लिए अनुरोध किया गया है श्री मान जी प्रार्थी द्वारा समस्त अभिलेख दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह द्वारा उपलब्ध किये गए अभिलेखों की स्कैन कॉपी उपलब्ध कराई गई है और रंगीन स्कैन्ड कॉपी किसी भी मूल दस्तावेज की ऑथेंटिक प्रति होता है श्री मान जी प्रार्थी द्वारा उपलब्ध कराये गए दस्तावेजों के दो ही संरक्षक है १- खुद लखनऊ विकास प्राधिकरण जो सरकार का प्रतिनिधि है और विक्रेता है और २-क्रेता अर्थात आराधना सिंह उर्फ अनुराधा सिंह उर्फ गुड्डी सम्बंधित पांच भूखंडो की स्वामिनी जिनके पती का नाम बाबू सिंह है श्री मान जी आराधना सिंह उर्फ अनुराधा सिंह उर्फ गुड्डी के पास कोई दस्तावेज नहीं है मूल रूप में क्यों की समस्त दस्तावेज तीसरे क्रेता को अर्थात दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह को मूल रूप में उपलब्ध करा दिया गया है श्री मान जी लखनऊ विकास प्राधिकरण के पास कोई दस्तावेज नहीं है मूल रूप में क्यों की समस्त दस्तावेज इसलिए गायब कर दिए गए क्योकि संपत्ति रजिस्ट्री का कार्य कूट रचित दस्तावेज से सम्पादित करना था और माननीय उच्च न्यायालय के आदेश को जिसमे मालिकाना हक़ निश्चित करना था उसको नजरअंदाज करने की एक बड़ी साजिश थी श्री मान जी रही प्रार्थी को मूल दस्तावेज उपलब्ध कराने की तो दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह द्वारा पिछले बीसो सालो से उन्हें मूल दस्तावेज उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है जिनकी पुष्टि खुद लखनऊ विकास प्राधिकरण के दस्तावेज करते है श्री मान जी आपका आदेश हो तो दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह द्वारा समस्त दस्तावेज आप की सेवा में पुनः प्रस्तुत किया जाय और आप माननीय उच्च न्यायालय के आदेश के क्रम में समस्त दस्तावेजों का परिशीलन करे साथ ही अनियमितताओं को भी जांच ले महोदय प्रार्थी द्वारा आप के समक्ष उन दस्तावेजों को प्रस्तुत करना जो की प्रार्थी के अभिरक्षा में नहीं है कैसे न्याय संगत हो सकता है जहा तक अनियमितता के सम्बन्ध में कार्यवाही का सम्बन्ध है वह कार्यवाही तो मूल दस्तावेजों के स्कैन कॉपी के आधार पर ही गतिशील है चूकि इस गंभीर अनियमितता में तत्कालीन कर्मचारी जांच की परिध में आ सकते है इसलिए आप जांच को दूसरा मोड़ देने का प्रयास कर रहे है आप से अपेक्षा है की आप मूल दस्तावेज दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह तलब करे और संपत्ति मालिकाना हक़ निश्चित करे तथा उच्च न्यायालय का समादर सुनिश्चित करे और मामले का पटाक्षेप करे प्रार्थी से बार बार दस्तावेजों की मांग करना जिसका संरक्षक प्रार्थी नहीं है अबैध है आप प्रार्थी को कानून विरुद्ध कार्य करने के लिए बार बार दबाव न डाले क्योकि यह कृति भारतीय दंड विधान में अपराध की कोटि में आता है उसके लिए आप खुद उत्तरदायी होंगे
Grievance Document
Current Status
Grievance received
Date of Action
02/04/2021
Officer Concerns To
Forwarded to
Uttar Pradesh
Officer Name
Shri Bhaskar Pandey
Officer Designation
Joint Secretary
Contact Address
Chief Minister Secretariat Room No.321 U.P. Secretariat, Lucknow
Email Address
bhaskarpandey2214@gmail.com
Contact Number
2226350

Grievance Status for registration number : GOVUP/E/2021/07743

Grievance Concerns To
Name Of Complainant
Yogi M. P. Singh
Date of Receipt
13/02/2021
Received By Ministry/Department
Uttar Pradesh
Grievance Description
The matter concerns the failure of the government of Uttar Pradesh headed by Yogi Aditynath to take action against the corruption prevailing in the public offices in the government of Uttar Pradesh including chief minister office.
Demand -Action against Joint Secretary Arun Kumar Dube.
As well as demand of action against special working officer Rajeev Kumar for procrastinating on the matter concerned with deep rooted corruption as shielding the wrongdoer staffs of Lucknow Development Authority because protecting the corruption of the department..
The matter concerns the deep rooted corruption but the concerned government functionaries close the grievances by submitting arbitrary reports.
Grievance Status for registration number : GOVUP/E/2020/39477 and GOVUP/E/2020/29886
Grievance Concerns To Name Of Complainant Yogi M P Singh
Date of Receipt 13/12/2020 and 20/09/2020 respectively.
Date of Receipt 20/09/2020 Received By Ministry/Department Uttar Pradesh
Date of Action 08/12/2020 Remarks प्रकरण का सम्बरन्ध उ0प्र0 सरकार से नहीं
Whether the aforementioned reply is not the arbitrary reply.Grievance Status for registration number : GOVUP/E/2020/33676
Grievance Concerns To Name Of Complainant Yogi M. P. Singh
Date of Receipt 20/10/2020 Received By Ministry/Department Uttar Pradesh Date of Action 04/12/2020 Remarks प्रकरण का सम्बन्ध उ0प्र0 सरकार से नहीं है
संदर्भ संख्या : 60000210010604 , ददनांक - 13 Feb 2021 तक की स्थितत आवेदनकताभ का वववरण : तिकायत संख्या:-60000210010604 आवेदक का नाम- Yogi M P Singh More detail attached to representation.
Whether the aforementioned reply is not the arbitrary reply. It is quite ridiculous that the Chief Minister Office itself in the Government of Uttar Pradesh is not responding well to the representations concerned with the serious allegations of corruption. Which is quite obvious from the response of the joint secretary in the Chief Minister office of the Government of Uttar Pradesh. Who avoided the Representation concerned with the serious allegations of the corruption in the Lucknow Development Authority by overlooking the grievance on the flimsy ground? Which is the mockery of the law of land and the reflection of rampant corruption in the government machinery in Uttar Pradesh.It is quite obvious that concerned staff joint secretary Arun Kumar Dubey submitted an inconsistent, arbitrary note to manage the grievances disposed of. Which is the reflection of rampant corruption in the government machinery of the Government of Uttar Pradesh. The accountable public functionaries must demoralize such practices to curb the anarchy in the government machinery. Undoubtedly Arun Kumar Dube is colluding with the wrongdoer staff of the concerned department otherwise there was no need to attach such a report to manage the grievances disposed of. For detail, vide attached grievance.


सोचिये एक गरीब आदमी पांच प्लाट खरीद कर एक मकान बनाएगा जो की पूर्ण रूप से अबैध और अप्राकृतिक है किन्तु लखनऊ विकास प्राधिकरण में व्याप्त भ्रस्टाचार से ऐसा संभव हो रहा है प्रार्धना पत्र के साथ लखनऊ विकास प्राधिकरण के तीन इकरार नामा लगे है जो बाबू सिंह उसकी पत्नी आराधना उर्फ गुड्डी और कनिष्क कुमार सिंह के है जिसको उपरोक्त प्राधिकरण के कर्मचारी शीतला पाल सिंह सहायक नगर अधिकारी द्वारा सम्पादित किया गया है जिसके अनुसार बाबू सिंह की उम्र ३० वर्ष पत्नी आराधना उर्फ गुड्डी सिंह की उम्र २५ वर्ष तथा पुत्र कनिष्क कुमार सिंह की उम्र १८ वर्ष है अर्थात गर्भ स्थापना के समय पिता की उम्र ११ वर्ष और माता की उम्र ६ वर्ष अर्थात शास्त्र और विज्ञानं दोनों के लिए असंभव है किन्तु लखनऊ पुलिस और विकास प्राधिकरण के लिए बाबू सिंह और उनकी पत्नी आदर्श है और व्यक्ति आदर्श पुरुष में दोष नहीं देखता तभी तो पति , पत्नी , पुत्र, पत्नी की माँ और पत्नी के भाई के नाम एक झटके में पांच प्लाट लखनऊ विकास प्राधिकरण के कानपुर योजना के सेक्टर एच मुख्य मार्ग पर एस एस प्रकार के योजना के हथियाये
Grievance Document
Current Status
Case closed
Date of Action
25/03/2021
Remarks
PLEASE SEE THE ATTACHMENT. PLEASE SEE THE ATTACHMENT.
Reply Document
Rating
Poor
Rating Remarks
श्री मान जी प्रार्थी द्वारा समस्त अभिलेख दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह द्वारा उपलब्ध किये गए अभिलेखों की स्कैन कॉपी उपलब्ध कराई गई है और रंगीन स्कैन्ड कॉपी किसी भी मूल दस्तावेज की ऑथेंटिक प्रति होता है श्री मान जी प्रार्थी द्वारा उपलब्ध कराये गए दस्तावेजों के दो ही संरक्षक है १- खुद लखनऊ विकास प्राधिकरण जो सरकार का प्रतिनिधि है और विक्रेता है और २-क्रेता अर्थात आराधना सिंह उर्फ अनुराधा सिंह उर्फ गुड्डी सम्बंधित पांच भूखंडो की स्वामिनी जिनके पती का नाम बाबू सिंह है श्री मान जी आराधना सिंह उर्फ अनुराधा सिंह उर्फ गुड्डी के पास कोई दस्तावेज नहीं है मूल रूप में क्यों की समस्त दस्तावेज तीसरे क्रेता को अर्थात दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह को मूल रूप में उपलब्ध करा दिया गया है श्री मान जी लखनऊ विकास प्राधिकरण के पास कोई दस्तावेज नहीं है मूल रूप में क्यों की समस्त दस्तावेज इसलिए गायब कर दिए गए क्योकि संपत्ति रजिस्ट्री का कार्य कूट रचित दस्तावेज से सम्पादित करना था और माननीय उच्च न्यायालय के आदेश को जिसमे मालिकाना हक़ निश्चित करना था उसको नजरअंदाज करने की एक बड़ी सा
Officer Concerns To
Officer Name
Shri Bhaskar Pandey
Officer Designation
Joint Secretary
Contact Address
Chief Minister Secretariat Room No.321 U.P. Secretariat, Lucknow
Email Address
bhaskarpandey2214@gmail.com
Contact Number
2226350

Sunday, 28 March 2021

L.D.A. must seek documents from Dinesh Pratap Singh as custodian of documents and may ensure compliance of H.C. order

 








Grievance Status for registration number : GOVUP/E/2021/17794

Grievance Concerns To
Name Of Complainant
Yogi M P Singh
Date of Receipt
28/03/2021
Received By Ministry/Department
Uttar Pradesh
Grievance Description
Grievance Status for registration number : GOVUP/E/2021/09185
Grievance Concerns To Name Of Complainant Yogi M P Singh
Date of Receipt 21/02/2021 Received By Ministry/Department Uttar Pradesh
Grievance Description-An application under Article 51 A of the constitution of India. संदर्भ संख्या : 60000210010604 , दिनांक – 13 Feb 2021 तक की स्थिति
आवेदनकर्ता का विवरण : शिकायत संख्या:-60000210010604 आवेदक का नाम- Yogi M P Singh
सचिव लखनऊ विकास प्राधिकरण ने अपने पत्र दिनांक २५/०३/२०२१ द्वारा जो की संयुक्त सचिव अरुण कुमार दुबे को सम्बोधित है पुनः वांछित अभिलेख की बात कर रहे है क्योकि विवाद से सम्बंधित कोई भी दस्तावेज न तो लखनऊ विकास प्राधिकरण के कार्यालय में है और न हीं पांचो भू खंड स्वामियों के पास है क्यों की वे अपने भूखंड का विक्रय के उपरांत समस्त मूल दस्तावेज दिनेश प्रताप सिंह को सौप दिए है
उपरोक्त द्वारा प्रार्थी से समस्त साक्ष्य और हलफनामा के साथ उपस्थित होने के लिए अनुरोध किया गया है श्री मान जी प्रार्थी द्वारा समस्त अभिलेख दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह द्वारा उपलब्ध किये गए अभिलेखों की स्कैन कॉपी उपलब्ध कराई गई है और रंगीन स्कैन्ड कॉपी किसी भी मूल दस्तावेज की ऑथेंटिक प्रति होता है श्री मान जी प्रार्थी द्वारा उपलब्ध कराये गए दस्तावेजों के दो ही संरक्षक है १- खुद लखनऊ विकास प्राधिकरण जो सरकार का प्रतिनिधि है और विक्रेता है और २-क्रेता अर्थात आराधना सिंह उर्फ अनुराधा सिंह उर्फ गुड्डी सम्बंधित पांच भूखंडो की स्वामिनी जिनके पती का नाम बाबू सिंह है श्री मान जी आराधना सिंह उर्फ अनुराधा सिंह उर्फ गुड्डी के पास कोई दस्तावेज नहीं है मूल रूप में क्यों की समस्त दस्तावेज तीसरे क्रेता को अर्थात दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह को मूल रूप में उपलब्ध करा दिया गया है श्री मान जी लखनऊ विकास प्राधिकरण के पास कोई दस्तावेज नहीं है मूल रूप में क्यों की समस्त दस्तावेज इसलिए गायब कर दिए गए क्योकि संपत्ति रजिस्ट्री का कार्य कूट रचित दस्तावेज से सम्पादित करना था और माननीय उच्च न्यायालय के आदेश को जिसमे मालिकाना हक़ निश्चित करना था उसको नजरअंदाज करने की एक बड़ी साजिश थी श्री मान जी रही प्रार्थी को मूल दस्तावेज उपलब्ध कराने की तो दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह द्वारा पिछले बीसो सालो से उन्हें मूल दस्तावेज उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है जिनकी पुष्टि खुद लखनऊ विकास प्राधिकरण के दस्तावेज करते है श्री मान जी आपका आदेश हो तो दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह द्वारा समस्त दस्तावेज आप की सेवा में पुनः प्रस्तुत किया जाय और आप माननीय उच्च न्यायालय के आदेश के क्रम में समस्त दस्तावेजों का परिशीलन करे साथ ही अनियमितताओं को भी जांच ले महोदय प्रार्थी द्वारा आप के समक्ष उन दस्तावेजों को प्रस्तुत करना जो की प्रार्थी के अभिरक्षा में नहीं है कैसे न्याय संगत हो सकता है जहा तक अनियमितता के सम्बन्ध में कार्यवाही का सम्बन्ध है वह कार्यवाही तो मूल दस्तावेजों के स्कैन कॉपी के आधार पर ही गतिशील है चूकि इस गंभीर अनियमितता में तत्कालीन कर्मचारी जांच की परिध में आ सकते है इसलिए आप जांच को दूसरा मोड़ देने का प्रयास कर रहे है आप से अपेक्षा है की आप मूल दस्तावेज दिनेश प्रताप सिंह पुत्र श्री अंगद प्रसाद सिंह तलब करे और संपत्ति मालिकाना हक़ निश्चित करे तथा उच्च न्यायालय का समादर सुनिश्चित करे और मामले का पटाक्षेप करे प्रार्थी से बार बार दस्तावेजों की मांग करना जिसका संरक्षक प्रार्थी नहीं है अबैध है आप प्रार्थी को कानून विरुद्ध कार्य करने के लिए बार बार दबाव न डाले क्योकि यह कृति भारतीय दंड विधान में अपराध की कोटि में आता है उसके लिए आप खुद उत्तरदायी होंगे
Grievance Document
Current Status
Grievance received
Date of Action
28/03/2021
Officer Concerns To
Forwarded to
Uttar Pradesh
Officer Name
Shri Bhaskar Pandey
Officer Designation
Joint Secretary
Contact Address
Chief Minister Secretariat Room No.321 U.P. Secretariat, Lucknow
Email Address
bhaskarpandey2214@gmail.com
Contact Number
2226350

Grievance Status for registration number : GOVUP/E/2021/09185

Grievance Concerns To
Name Of Complainant
Yogi M P Singh
Date of Receipt
21/02/2021
Received By Ministry/Department
Uttar Pradesh
Grievance Description
An application under Article 51 A of the constitution of India.
संदर्भ संख्या : 60000210010604 , दिनांक – 13 Feb 2021 तक की स्थिति

आवेदनकर्ता का विवरण : शिकायत संख्या:-60000210010604

आवेदक का नाम- Yogi M P Singh
In the aforementioned matter, an arbitrary report submitted by the public authority Lucknow Development Authority even when the matter concerns the deep rooted corruption.
Detail attached to grievance to take appropriate action in the matter as requires under the law.
If necessary contact me on my my mobile number-7379105911. Please adopt cogent approach in the matter.
प्रकरण का सम्बन्ध उ0प्र0 सरकार से नहीं है महोदय यह शब्द और वाक्य यह बता रहे है की उत्तर प्रदेश में कानून का राज्य नहीं है क्यों की हर नौकरशाह अपने आप की नौकर तो समझता ही नहीं है अरे आप जनता के सेवक है और सेवा के धर्म को समझिये मनमाना करने से कुछ भी हासिल नहीं The matter concerns the deep rooted corruption and joint secretary in the office of Yogi Adityanath disposing of grievance so negligently.
सोचिये एक गरीब आदमी पांच प्लाट खरीद कर एक मकान बनाएगा जो की पूर्ण रूप से अबैध और अप्राकृतिक है किन्तु लखनऊ विकास प्राधिकरण में व्याप्त भ्रस्टाचार से ऐसा संभव हो रहा है प्रार्धना पत्र के साथ लखनऊ विकास प्राधिकरण के तीन इकरार नामा लगे है जो बाबू सिंह उसकी पत्नी आराधना उर्फ गुड्डी और कनिष्क कुमार सिंह के है जिसको उपरोक्त प्राधिकरण के कर्मचारी शीतला पाल सिंह सहायक नगर अधिकारी द्वारा सम्पादित किया गया है
Whether there is honesty in the government of Uttar Pradesh?
Undoubtedly it reflects the rampant corruption in the government machinery. Most surprising is that office of the chief minister of the Government of Uttar Pradesh is also acting in the support of this act of corruption.
Everyone knows that Lucknow development authority is a bastion of corrupt people which is the root cause time and again enquiry was carried out by the governments of Uttar Pradesh by various parties only to share the black income earned by them.
Grievance Document
Current Status
Case closed
Date of Action
25/03/2021
Remarks
PLEASE SEE THE ATTACHMENT.
Reply Document
Rating
Poor
Rating Remarks
L.D.A. sent the first communication on 26/09/2019 bearing letter number-206/OSD-R/2019 as information. They informed as concerned documents they have summoned. They are waiting for documents. L.D.A. sent the second communication on 24/10/2019 bearing letter number-302/OSD-R/2019 as information. They informed as concerned documents they have summoned. They are waiting for documents. L.D.A. sent the third communication on 06/02/2020 bearing letter number-516/OSD-R/2020 as information. They informed as concerned documents they have summoned. They are waiting for documents. L.D.A. sent the fourth communication on 29/09/2020 bearing letter number-791/OSD-R/2020 as information. They made same parrot reply as aforementioned. L.D.A. sent the fifth communication on 31/10/2020 bearing letter number-857/OSD-R/2020 as information. Now the special officer of Lucknow Development Authority is saying that he is taking action subsequently he will inform about the action taken to the applicant.
Officer Concerns To
Officer Name
Shri Bhaskar Pandey
Officer Designation
Joint Secretary
Contact Address
Chief Minister Secretariat Room No.321 U.P. Secretariat, Lucknow
Email Address
bhaskarpandey2214@gmail.com
Contact Number
2226350

Monday, 22 March 2021

Babu Singh died on two dates but neither Lucknow police nor Govt. of Uttarakhand revealing the mystery behind it

 






Grievance Status for registration number : PMOPG/E/2019/0632349

Grievance Concerns To
Name Of Complainant
Dinesh Pratap Singh
Date of Receipt
27/10/2019
Received By Ministry/Department
Prime Ministers Office
Grievance Description
Hon’ble Prime Minister Sir, as the matter, is closely connected with the municipal corporation, Dehradoon, Uttaranchal, therefore, the matter may be forwarded to Government of Uttaranchal so that mysterious death of Babu Singh son of R.P. Singh may be uncovered or screened out. Since the Lucknow police itself performed the duty by exercising the power of the civil court by floating entire set up norms and violating the directions issued by the Lucknow bench of the High court of judicature at Allahabad grabbed the land and house of the aggrieved applicant by colluding with the opposition so they are hatching a conspiracy to show that Babu Singh is dead, on the paper as they are not providing any clarification in the matter as well as supportive pieces of evidence in regard to the impugned claim. Which is quite obvious from the attached document to the grievance which must be perused by the Hon’ble Sir. Since public authority, municipal corporation, Dehradoon, Uttaranchal is having the record of cremation or burial whatever may be so in the interest of justice it would be expedient to seek the report of concerned public authority belonging the government of Uttaranchal.
According to the report of Manoj Kumar Sub-inspector Police station, Ashiyana District Lucknow dated 07 June 2019, Babu Singh Son of R. P. Singh died on 11 May 2019 at Dehradun in Uttarakhand but circle officer Cantt Mr Durgesh Kumar Singh making claims differently. According to the report submitted by the aforementioned circle officer dated 04 Sept 2019, Babu Singh Son Of R. P. Singh died on 12 April 2019 at Dehradun in Uttarakhand moreover according to circle officer aforementioned Registrar, death and birth, Municipal corporation, Dehradun issued death certificate on 24/06/2019. Whose claim is authenticated, can only be explained senior rank officers of the department by throwing more light on the issue? Whether it is not a cryptic style of the dealing and contrary viewpoints are not making the matter more mysterious and reports incredible as well Carelessness in the investigation of the police sub-inspector Manoj Kumar submitted to the concerned circle officer. Whether it is not ridiculous that police of the capital Lucknow wants to close the Pandora box concerned with the land and house grabbing of the aggrieved applicant by Land Mafia who perpetrated this crime by taking station officer posted at that time in the concerned police station not only under good faith but also colluding with him As the concerned police officer not only terrorized the applicant and his family but also implicated them under false cases which are reflection of lawlessness and anarchy in the department of the police. Sir, Ms Tanu Upadhyay, a predecessor of aforementioned circle officer, submitted in its report that Babu Singh died in the month of the May 2019 at Dehradun in Uttarakhand which is quite obvious from his attached report dated 20 June 2019 submitted on the Jansunwai portal of the government of Uttar Pradesh also attached to the grievance. Police sub-inspector Manoj Kumar subsequently in its report dated 13/07/2019 again accepted that Babu Singh died in the month of the May 2019. What is the credibility of the police reports submitted on the august portal Jansunwai portal of the government of Uttar Pradesh?
Grievance Document
Current Status
Under process
Date of Action
27/06/2020
Remarks
Grievance received by Subordinate Organisation from Web API
Officer Concerns To
Officer Name
Aarti Balodi
Officer Designation
Nodal Officer
Contact Address
Email Address
ukcmhelpline@gmail.com
Contact Number
01352609521
Reminder(s) / Clarification(s)
Reminder Date
Remarks
01/06/2020
Either PMO is misleading or Govt. of Uttar Pradesh is misleading as being implied from following email of govt. of Uttarakhand. It may be concerned staffs of Uttarakhand govt. may incompetent. PMO received the grievance on 27/10/2019 and five months passed but matter is still under process even after repeated reminders Saturday, April 4, 2020 3:40 PM Subject Re: PMO received the grievance on 27/10/2019 and five months passed but matter is still under process even after repeated reminders From UK CMHelpline To Mahesh Pratap Singh Yogi M. P. Singh Sent Friday, April 3, 2020 7:16 PM Dear Sir, In reference to your mail, I would kindly request you to register your complaint/suggestion/demand at CM Helpline by choosing either of the below three modes: Call us at 1905 Online Portal cmhelpline.uk.gov.in Mobile Application (Only for Android users as of now) Note: In case you have already lodged your complaint then please provide your complaint id. Regards, Team UK CM Helpline
29/09/2020
Sir our prime minister Sir is really great and his monitoring is free from mismanagement. Following is the reminder sent to concerned mandate in Grievance Status for registration number : GOVUC/E/2020/00092 Grievance Concerns To Name Of Complainant Yogi M. P. Singh Date of Receipt 03/02/2020 Received By Ministry/Department Uttarakhand This grievance is the reminder of the following grievance and this reminder is flooded with many reminders. Whether it is not reflecting that we are being ruled by the complete anarchy. Grievance Status for registration number : PMOPG/E/2019/0632349 Grievance Concerns To Name Of Complainant Dinesh Pratap Singh Date of Receipt 27/10/2019 Received By Ministry/Department Prime Ministers Office Whether it is not shameless act that few political masters claim to provided to provide good governance on the public platforms but their acts are contrary to their articulations.
22/03/2021
Whether there is no value for the grievances forwarded by prime minister office in the state of Uttarakhand quite obvious from the lackadaisical approach of the concerned. Here it reflects lawlessness and anarchy but why our accountable functionaries are tolerating it is itself a question. Undoubtedly the matter concerns the deep rooted corruption as initially pending with the PMO latter on when application submitted under Right to Information Act 2005, they forwarded it to government of Uttarakhand and now government of Uttarakhand is procrastinating on the matter. It seems that we are ruled by corruption and anarchy. But in the eye of our prime minister sir such governance is good governance.

Grievance Status for registration number : GOVUC/E/2020/00092

Grievance Concerns To
Name Of Complainant
Yogi M. P. Singh
Date of Receipt
03/02/2020
Received By Ministry/Department
Uttarakhand
Grievance Description
Honourable Sir how can it be rule of law if matter submitted on 27th October 2019 on the portal of Prime Minister office of this country is still pending file even when the matter is concerned with the Government of Uttaranchal and matter has been forwarded to the Government of Uttaranchal to its secretary and applicant submitted the application in order to seek information Prime Minister office and matter is under the cognizance of accountable public functionaries of the Prime Minister office even after that no appropriate action is being taken in the matter by the government of Uttaranchal whether it is reflection of rule of law if not, why action is not being take in against the wrongdoer staff of the government who are accountable for such Anarchy in the government machinery. Matter is concerned with the mysterious death of a man and concerned government is also procrastinating on the matter which is creating more confusion in regard to the claim at the Lucknow police.
Grievance Document
Current Status
Under process
Date of Action
16/07/2020
Remarks
Grievance received by Subordinate Organisation from Web API
Officer Concerns To
Officer Name
Aarti Balodi
Officer Designation
Nodal Officer
Contact Address
Email Address
ukcmhelpline@gmail.com
Contact Number
01352609521
Reminder(s) / Clarification(s)
Reminder Date
Remarks
16/02/2020
The matter is concerned with mysterious death of a person and representation has been submitted before the Prime Minister office and Prime Minister Office forward the matter to the chief secretary government of Uttarakhand but it is unfortunate that government did not take appropriate action in the matter and now when the reminder has been submitted in the form of grievance concerned did not take any action in the matter, which is reflection of anarchy in the government machinery. Undoubtedly concerned public functionaries are colluding with wrongdoers and not acting in accordance with the law which is the root cause of the Procrastination therefore action must be taken against the wrongdoer staff the Government of Uttaranchal.
01/06/2020
Sir Babu Singh died on two dates per the report of Lucknow police which is not feasible scientifically and he is not Aadi Shankaracharya so after enquiry it must be reported that how could it be feasible. Following message was sent by UK CMHelpline ukcmhelplineattherategmail.com on Fri 4/3/2020 7:17 PM Mahesh Pratap Singh Yogi M. P. Singh Dear Sir, In reference to your mail, I would kindly request you to register your complaint/suggestion/demand at CM Helpline by choosing either of the below three modes:
29/09/2020
This grievance is the reminder of the following grievance and this reminder is flooded with many reminders. Whether it is not reflecting that we are being ruled by the complete anarchy. Grievance Status for registration number : PMOPG/E/2019/0632349 Grievance Concerns To Name Of Complainant Dinesh Pratap Singh Date of Receipt 27/10/2019 Received By Ministry/Department Prime Ministers Office Whether it is not shameless act that few political masters claim to provided to provide good governance on the public platforms but their acts are contrary to their articulations.
22/03/2021
Undoubtedly the matter concerns the deep rooted corruption as initially pending with the PMO latter on when application submitted under Right to Information Act 2005, they forwarded it to government of Uttarakhand and now government of Uttarakhand is procrastinating on the matter. It seems that we are ruled by corruption and anarchy. But in the eye of our prime minister sir such governance is good governance.

Undoubtedly whatever damages done by the Modi and Yogi government in 10 years, congress might not do in 60 years

  Registration Number DPTAR/R/2019/60037 Name Yogi M P Singh Date of Filing 29/11/2019 Status REQUEST REJECTED as on 14/01/2020 Reas...